सेंट्रल डेस्क : US Election : अमेरिका की राजनीति ने एक नया मोड़ ले लिया है। जो बाइडेन ने अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के मुकाबले से हटने का फैसला किया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट किए एक बयान में उन्होंने यह जानकारी दी है जिसमें बाइडेन ने अमेरिका के नागरिकों को संबोधित करते हुए लिखा है कि बतौर राष्ट्रपति आपकी सेवा करना मेरे जीवन का सबसे सबसे बड़ा सम्मान रहा है। हालांकि मेरी इच्छा थी कि फिर से चुनाव में खड़ा होऊं। मेरा मानना है कि मेरी पार्टी और देश का इसी में हित है कि मैं उम्मीदवारी से हट जाऊं और बचे हुए अपने कार्यकाल में पूरी तरह केवल राष्ट्रपति की अपनी जिम्मेदारियों पर ध्यान दूं।

अब इस पर कहा जा रहा है कि जो बाइडेन को दोबारा चुनाव लड़ने से बंधक बनाकर और दबाव दैकर रोका जा रहा है। एक नेता ने तो बाइडेन के जीवित होने का सुबूत तक मांग दिया है। आखिर इस तरह की चर्चा क्यों हो रही है। इस बात से सभी हैरान हैं और सच जानना चाहते हैं।
81वर्ष जो बाइडेन अमेरिका के अब तक के सबसे बुजुर्ग राष्ट्रपति हैं। वहीं स्वास्थ्य के चलते सवाल उठ रहे थे कि क्या वो राष्ट्रपति पद की भूमिका के लिए फिट हैं। डेमोक्रेटिक पार्टी के कई नेता, समर्थक, प्रमोटर और फंडिंग देने वाले भी बाइडेन से पीछे हट जाने की अपील कर रहे थे।
जो बाइडेन पहले नेता नहीं हैं, जिन्होंने दोबारा अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में खड़े होने से इनकार कर दिया हो। 55 साल पहले अमेरिकी नेता लिंडन बेन्स जॉनसन ने बतौर राष्ट्रपति दोबारा चुनाव लड़ने के लिए अचानक से मना कर दिया था। इसकी कई वजह बताई गई थी।
US Election : एक ऐसी चिकित्सा बीमारी जिसका अभी तक निदान नहीं हुआ है
बाइडेन ने बुधवार रात को प्रसारित होने वाले एक साक्षात्कार के लिए बीईटी पत्रकार एड गॉर्डन से बात की। बातचीत के दौरान गॉर्डन ने बाइडेन से पूछा कि क्या कोई ऐसे कारक हैं जो उन्हें अपनी उम्मीदवारी का पुनर्मूल्यांकन करने के लिए मजबूर करेंगे।
वहीं उन्होंने पहले बताए गए अन्य कारणों को नहीं दोहराया, बल्कि एक नया कारण सामने रखा। बाइडेन ने गॉर्डन से कहा कि ‘अगर मेरी कोई चिकित्सा स्थिति उभर कर आती या फिर अगर डॉक्टर मेरे पास आते और कहते कि आपको यह समस्या है, वह समस्या है।’ अमेरिका के सबसे उम्रदराज राष्ट्रपति बाइडेन के स्वास्थ्य की उनके बहस में खराब प्रदर्शन से पहले ही जांच की जा चुकी है।
फरवरी में उनकी नवीनतम शारीरिक जांच के बाद, राष्ट्रपति के डॉक्टर केविन ओ’ कॉनर ने कहा कि बाइडेन ‘राष्ट्रपति पद के कर्तव्यों का सफलतापूर्वक निर्वहन करने के लिए फिट हैं’। ओ कॉनर के अनुसार, एक महीने से अधिक समय पहले ली गई न्यूरोलॉजिकल परीक्षा में स्ट्रोक, मल्टीपल स्केलेरोसिस या पार्किंसंस रोग के कोई लक्षण नहीं दिखे। चिकित्सक ने यह भी कहा कि संज्ञानात्मक परीक्षा अनावश्यक थी।
वहीं बुधवार को बाइडेन का कोरोना वायरस टेस्ट पॉज़िटिव आया, जबकि वह अपने पुनर्निर्वाचन की संभावनाओं के लिए असंतुष्ट मतदाताओं के बीच समर्थन जुटाने की कोशिश कर रहे थे। इस निदान के कारण उन्हें नेवादा के युद्ध क्षेत्र में एक लैटिनो नागरिक अधिकार संगठन के सदस्यों के साथ एक बैठक रद्द करनी पड़ी।

